🌊⛰️ हिमालय की चेतावनी – प्रकृति का आह्वान
अमरनाथ यात्रा, श्रीखंड महादेव यात्रा, किन्नर कैलाश यात्रा, मणिमहेश यात्रा और यहाँ तक कि वैष्णो देवी यात्रा जैसी पवित्र हिमालयी यात्राओं का स्थगित होना केवल एक संयोग नहीं है। यह हिमालय का संदेश है, एक चेतावनी कि अब हमें प्रकृति के नियमों का सम्मान करना होगा। 🌱 प्रकृति क्यों नाराज़ है? हिमालय और देवभूमि बार-बार हमें दिखा रहे हैं कि – अंधाधुंध खनन और पहाड़ों की कटाई पेड़ों की कटाई और जंगलों का उजड़ना नदियों के मार्ग में हस्तक्षेप पर्यटन के नाम पर पर्यावरण का शोषण यही सब हमारे लिए विनाश और आपदाओं का कारण बन रहा है। जब नदियों को रोका जाता है, पहाड़ों को काटा जाता है और जंगलों को नष्ट किया जाता है, तो हिमालय का संतुलन बिगड़ता है। यही असंतुलन बाद में भूस्खलन, बाढ़, ग्लेशियर टूटना और बादल फटने जैसी आपदाओं का रूप लेता है। 🙏 असली आस्था क्या है? श्रद्धा रखो, अंधश्रद्धा नहीं। आस्था रखो, पाखंड नहीं। प्रकृति का सम्मान करो, तभी देवता भी प्रसन्न रहेंगे। यात्राओं का स्थगन हमें यही सिखाता है कि असली पूजा मंदिरों की भीड़ नहीं, बल्कि प्रकृति की रक्षा है। 🌲 पेड़ लगाना, 💧 जल को बचाना, ⛰️ पर्...